आईपीसी धारा 354 क्या है | IPC Section 354 in Hindi – विवरण, सजा का प्रावधान

आईपीसी (IPC) धारा 354 क्या है

आज विभिन्न प्रकार के अपराध हमारे समाज में हमको देखने को मिलते हैं यहाँ प्रमुख रूप से हम देखते  है कि महिलाओं पर अत्याचार हर तरह से समाज में बढ़ता जा रहा है जिसको रोकने के लिए कई तरह के कानून सरकार द्वारा समय – समय पर लाये जा रहे हैं |

यहाँ आज के आर्टिकल में हम आपको इस लेख के माध्यम से एक महत्वपूर्ण धारा के बारे में विस्तार से बताएंगे और वह है IPC की धारा 354 | यहाँ हम पूरी तरह से जानेगे  कि आखिर IPC (आईपीसी) की धारा 354 क्या है, IPC की इस धारा 354 में क्या अपराध घटित होता है साथ ही इस धारा 354 में  सजा का क्या प्रावधान बताया गया है | इसमें जमानत से सम्बंधित क्या नियम है इस विषय को भी हम यहाँ समग्र रूप से देखेंगे |

आईपीसी धारा 332 क्या है 

IPC (भारतीय दंड संहिता की धारा ) की धारा 354 के अनुसार :-

“स्त्री की लज्जा भंग करने के आशय से उस पर हमला या आपराधिक बल का प्रयोग”

“जो कोई किसी स्त्री की लज्जा भंग करने के आशय से या यह सम्भाव्य जानते हुए कि तद्द्वारा वह उसकी लज्जा भंग करेगा, उस स्त्री पर हमला करेगा या आपराधिक बल का प्रयोग करेगा, वह दोनों में से, किसी भांति के कारावास से, जिसकी अवधि दो वर्ष तक की हो सकेगी, या जुर्माने से, या दोनों से दण्डित किया जाएगा”|

आपराधिक कानून (संशोधन) अधिनियम, 2013  द्वारा इसमें 354 A, 354 B, 354 C, 354 D  जोड़ा गया है

Section 354 IPC, as defined under the code states as, 

“Assault or criminal force to woman with intent to outrage her modesty”

“Whoever assaults or uses criminal force to any woman, intending to outrage or knowing it to be likely that he will thereby outrage her modesty, shall be punished with impris­onment of either description for a term which may extend to two years, or with fine, or with both”.

आईपीसी धारा 341 क्या है

भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 354 का अर्थ

आपको इसका अर्थ यानि कि आईपीसी (Indian Panel Code) की धारा 354 का अर्थ आसान भाषा में बताते हैं | यहाँ इस सेक्शन में स्त्री की लज्जा भंग करने के आशय से उस पर किया गया हमला या आपराधिक बल का प्रयोग करना जैसी वारदातें आती हैं | जिसके तहत आरोपी को 1 साल के लिए कारावास, जो 5 वर्ष तक का हो सकेगा और जुर्माने की सजा का प्रावधान बताया गया है। लेकिन अब इसमें आपराधिक कानून (संशोधन) अधिनियम, 2013 द्वारा इसमें धारा 354 की कई उपधाराएं तैयार करके 354 A, 354 B, 354 C, 354 D जोड़ी गयी हैं |

354(A) इसके तहत अवांछनीय शारीरिक संपर्क और अग्रक्रियाएं या लैंगिक संबंधों की स्वीकृति बनाने की मांग या अनुरोध, अश्लील साहित्य दिखाना जैसी वारदातें आती हैं। इसी के तहत लैंगिक आभासी टिप्पणियों की प्रकृति का लैंगिक उत्पीडऩ भी जोड़ा गया। जिसमें आरोपी को एक वर्ष तक का कारावास हो सकेगा या जुर्माना या फिर दोनों।

354(B) इसके तहत किसी महिला को विवस्त्र करने के आशय से स्त्री पर हमला या आपराधिक बल कर प्रयोग किया जाना। जिसमें आरोपी को कम से कम पांच वर्ष का कारावास, किंतु जो दस वर्ष तक का हो सकेगा और जुर्माना भी नियत किया गया। साथ ही यह धारा गैर-जमानती है।

354(C) दृश्यरतिकता यानि किसी को घूरकर देखना। इसके तहत अगर किसी लड़की को कोई पंद्रह सेकंड घूरकर देख ले तो उसके खिलाफ कार्रवाई का प्रावधान है। इसमें आरोपी की जमानत भी नहीं हो सकती।

354(D) इसके तहत किसी लड़की या महिला का पीछा करना जैसी वारदातें शामिल हैं। इसमें भी आरोपी की जमानत भी नहीं हो सकती।

आईपीसी धारा 353 क्या है

आईपीसी की धारा 354 में सजा (Punishment) क्या होगी

इस धारा में स्त्री की लज्जा भंग करने के आशय से उस पर हमला या आपराधिक बल का प्रयोग करने पर सजा दिए जाने का प्रावधान है  इसमें 1 से 5 वर्ष का कारावास साथ में आर्थिक दंड भी दिया जायेगा | यह एक गैरजमानती, संज्ञेय अपराध है और किसी भी मजिस्ट्रेट द्वारा विचारणीय है । यह अपराध समझौता करने योग्य नहीं है।

आईपीसी (IPC) की धारा 354 में  जमानत  (BAIL) का प्रावधान

आपको यहाँ बता दें कि इस धारा में जो अपराध आता है वो गैर जमानतीय अपराध के श्रेणी में आता है | इसका अर्थ है कि इसमें जमानत आसानी से नहीं होगी, कोर्ट द्वारा ही जमानत हो पायेगी |  IPC की धारा 354 के अंतरगत स्त्री पर हमला या उसके शील या स्त्री की लज्जा भंग करने के इरादे से महिला को आपराधिक बल का उपयोग करने पर  इस धारा के अंतरगत अपराध कहलायेगा और इस अपराध की प्रकृति गैर जमानती है | आपको बताते चलें यहाँ पर कि यह अपराध  महिला द्वारा समझौता करने योग्य नहीं है |

आईपीसी धारा 338 क्या है

आपने यहाँ इस लेख कि माध्यम से IPC की धारा 354 के विषय में  सम्पूर्ण जानकारी प्राप्त की यदि फिर भी इस धारा से सम्बन्धित कुछ भी शंका आपके मन में हो या इससे सम्बंधित अन्य कोई जानकारी प्राप्त करना चाहते है, तो आप हमसे बेझिझक पूँछ सकते है |

आईपीसी धारा 336 क्या है

1 thought on “आईपीसी धारा 354 क्या है | IPC Section 354 in Hindi – विवरण, सजा का प्रावधान”

  1. Kya 376 me bail ho sakti hai agar kisi mahila ne jhuthi FIR lagayi ho ki mujhe sadi ka bahana kiya or mna kiya or vo mahila 38 saal ki ho to.
    Or us mahila ke 2 bade bache ho to

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